शहर के विकास में आईटीसी का योगदान महत्वपूर्ण, निगम व आईटीसी का डोर टू डोर कूड़ा कलेक्षन मॉडल अन्य निगमों के लिए अनुकरणीय

शहर के विकास में आईटीसी का योगदान महत्वपूर्ण, निगम व आईटीसी का डोर टू डोर कूड़ा कलेक्षन मॉडल अन्य निगमों के लिए अनुकरणीय
विशेष रिपोर्ट -मो कलीम अंसारी
सहारनपुर आईटीसी के बहुउद्देषीय सभागार में आज नगर निगम के सहयोग से आईटीसी जनप्रभाव उत्सव का भव्य आयोजन किया गया। नगरायुक्त षिपू गिरि ने दीप प्रज्वलित कर समारोह का षुभारंभ करते हुए कहा कि सहारनपुर और आईटीसी का सम्बंध काफी पुराना रहा है। षहर के विकास के लिए आईटीसी ने काफी योगदान दिया है।
नगरायुक्त ने कहा कि आईटीसी द्वारा नगर निगम के साथ डोर टू डोर कूड़़ा कलेक्षन का जो मॉडल विकसित किया गया है, वह अनेक निगमों के लिए अनुकरणीय है और उसकी प्रदेष व राश्ट्रीय स्तर पर चर्चा की जाती है। उन्होंने कहा कि गत वर्श स्वच्छता सर्वेक्षण में सहारनपुर का जो अच्छा प्रदर्षन रहा है उसमें आईटीसी का योगदान सराहनीय है। उन्होंने आषा व्यक्त की कि आगामी अप्रैल माह में स्वच्छता सर्वेक्षण में भी आईटीसी का इसी प्रकार सक्रिय सहयोग रहेगा।
समारोह में आईटीसी ने अपने सीएसआर कार्यक्रमों के अंतर्गत किये जा रहे विभिन्न विकासात्मक कार्यों को आकर्शक स्टॉल के माध्यम से प्रस्तुत किया। इसमें उन्नत खेती के माध्यम से स्मार्ट विलेज, मातृ एवं षिषु स्वास्थय परीक्षण, स्किल डवलपमेंट, व उन बच्चों को पुनः षिक्षा से जोड़ना जिन्होंने किसी कारण स्कूल जाना छोड़ दिया है, आदि का प्रदर्षन किया गया। साथ ही लोगों को नवाचार, आजीविका, स्वच्छता, पर्यावरण एवं सामुदायिक विकास से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गयी।
आईटीसी के मानव संसाधन प्रमुख वी. त्रिनाथ व गिरिराज षाह ने कहा कि यह आयोजन न केवल आईटीसी के सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) के प्रति समर्पण को दर्षाता है अपितु समाज में सकारात्मक बदलाव और जनजागरुकता लाने की दिषा में एक प्रेरणादायक पहल भी साबित हुआ है। कार्यक्रम में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट विनोद कुमार मीणा व सीएमओ डॉ प्रवीण कुमार भी मौजूद रहे। संचालन मयंक पाण्डेय ने किया।



